SIPRI Report 2026 में भारत की परमाणु क्षमता को लेकर महत्वपूर्ण दावा किया गया है। स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट (SIPRI) की रिपोर्ट के अनुसार भारत ने पहली बार 12 परमाणु हथियारों को तैनात स्थिति में रखा है।
रिपोर्ट के अनुसार, पिछले वर्ष भारत के पास कोई तैनात परमाणु हथियार दर्ज नहीं था। इस बदलाव को भारत की परमाणु नीति और रणनीतिक तैयारी के संदर्भ में देखा जा रहा है।
क्या कहती है SIPRI Report 2026?
SIPRI Report 2026 के अनुसार भारत के कुल परमाणु हथियारों का भंडार पहले की तुलना में बढ़ा है। इनमें से 12 हथियार अब तैनात श्रेणी में शामिल किए गए हैं।
रिपोर्ट में कहा गया है कि ये हथियार मिसाइल प्रणालियों से जुड़े हो सकते हैं। हालांकि भारत सरकार ने इस रिपोर्ट पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है।
चीन और पाकिस्तान की स्थिति
रिपोर्ट में चीन के परमाणु शस्त्रागार में तेज वृद्धि का भी उल्लेख किया गया है। चीन लगातार अपनी परमाणु क्षमता का विस्तार कर रहा है।
पाकिस्तान भी अपने परमाणु कार्यक्रम को बनाए हुए है। दक्षिण एशिया में रणनीतिक संतुलन को लेकर विशेषज्ञ लगातार नजर रख रहे हैं।
क्यों महत्वपूर्ण है यह बदलाव?
विशेषज्ञों का मानना है कि तैनात परमाणु हथियार किसी देश की तत्काल प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करते हैं। इससे सुरक्षा रणनीति और सैन्य तैयारी का संकेत मिलता है।
हालांकि SIPRI ने यह भी कहा है कि वैश्विक स्तर पर परमाणु हथियारों की संख्या में प्रतिस्पर्धा चिंता का विषय बनी हुई है।
आगे क्या?
रिपोर्ट के बाद वैश्विक सुरक्षा विशेषज्ञों के बीच चर्चा तेज हो सकती है। आने वाले समय में भारत, चीन और पाकिस्तान की परमाणु नीतियों पर भी नजर बनी रहेगी।
SIPRI की यह रिपोर्ट ऐसे समय आई है जब दुनिया के कई क्षेत्रों में सुरक्षा चुनौतियां और भू-राजनीतिक तनाव बढ़ रहे हैं।