मध्य प्रदेश के शिवपुरी में Adani Defence Plant के ₹2,500 करोड़ के प्रोजेक्ट पर काम शुरू हो गया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने 5 जुलाई को परियोजना की आधारशिला रखी।
इस परियोजना को दक्षिण एशिया के सबसे बड़े निजी क्षेत्र के मिसाइल इकोसिस्टम के रूप में विकसित करने का लक्ष्य है। कंपनी के अनुसार, इससे करीब 5,000 प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष कुशल रोजगार पैदा होने की उम्मीद है।
एक ही परिसर में बनेगा मिसाइल इकोसिस्टम
प्लांट में मिसाइल कॉम्प्लेक्स के साथ कंपोजिट प्रोपेलेंट और TNT उत्पादन की क्षमता विकसित की जाएगी। इसका उद्देश्य मिसाइल उत्पादन की महत्वपूर्ण प्रक्रियाओं को एकीकृत करना और स्वदेशी रक्षा उत्पादन बढ़ाना है।
कंपनी का कहना है कि यह सुविधा स्वदेशी मिसाइल प्रणालियों को सफल परीक्षण के बाद बड़े स्तर पर उत्पादन तक पहुंचाने में मदद करेगी। इससे भारतीय सशस्त्र बलों की जरूरतों के लिए घरेलू उत्पादन क्षमता बढ़ाने का लक्ष्य है।
5,000 रोजगार, 50 से ज्यादा MSME को अवसर
परियोजना से लगभग 5,000 प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष कुशल रोजगार पैदा होने की उम्मीद है। इसके साथ 50 से अधिक MSME को विशेष रक्षा आपूर्ति श्रृंखला से जोड़ने की योजना है।
इससे शिवपुरी और आसपास के क्षेत्रों में इंजीनियरिंग, लॉजिस्टिक्स और तकनीकी सेवाओं की मांग बढ़ सकती है। स्थानीय युवाओं के लिए कौशल आधारित रोजगार के नए अवसर भी बन सकते हैं।
आत्मनिर्भर रक्षा उत्पादन पर फोकस
यह प्रोजेक्ट भारत की रक्षा क्षेत्र में आयात निर्भरता कम करने की रणनीति से जुड़ा है। शिवपुरी प्लांट का फोकस मध्यम और लंबी दूरी की मिसाइल प्रणालियों के उत्पादन पर रहेगा।
कंपनी ने परियोजना को अगले तीन वर्षों में विकसित करने की योजना बताई है। इसके बाद शिवपुरी मध्य प्रदेश के प्रमुख रक्षा उत्पादन केंद्रों में शामिल हो सकता है।