इंदौर में शुक्रवार से दो दिवसीय यात्री परिवहन विजन समिट-2026 शुरू होगी। इसमें मध्यप्रदेश के transport business को आधुनिक बनाने पर चर्चा होगी।
ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में होने वाली समिट में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शामिल होंगे। परिवहन एवं स्कूल शिक्षा मंत्री राव उदय प्रताप सिंह भी मौजूद रहेंगे।
PPP मॉडल से बढ़ेगी निजी भागीदारी
समिट में 100 प्रतिशत ppp model के तहत बस संचालन की रूपरेखा पर चर्चा होगी। सरकार निजी ऑपरेटरों और उद्योग जगत की भागीदारी बढ़ाने की तैयारी कर रही है।
कार्यक्रम में बस निर्माता, निवेशक, टेक्नोलॉजी कंपनियां और परिवहन विशेषज्ञ शामिल होंगे। इसका लक्ष्य नागरिकों को बेहतर transport facility देना है।
डिजिटल टिकटिंग से AI तक फोकस
समिट में डिजिटल टिकटिंग, इलेक्ट्रिक और हाइड्रोजन मोबिलिटी पर मंथन होगा। smart ticketing और AI आधारित फ्लीट मैनेजमेंट भी चर्चा के प्रमुख विषय हैं।
इसके अलावा चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर, स्मार्ट बस स्टॉप और पैसेंजर इंफॉर्मेशन सिस्टम पर भी चर्चा होगी। transport logistics और डेटा आधारित योजना को भी बढ़ावा मिलेगा।
निवेश और रोजगार के अवसर
सरकार transport company, निवेशकों और तकनीकी संस्थानों के साथ साझेदारी पर जोर देगी। इससे परिवहन क्षेत्र में नए निवेश और रोजगार के अवसर बन सकते हैं।
समिट का फोकस मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा योजना पर रहेगा। सरकार इसे आधुनिक, सुलभ और नागरिक-केंद्रित परिवहन व्यवस्था से जोड़ना चाहती है।
आगे क्या बदलेगा?
समिट में प्रदेश की भविष्य की मोबिलिटी व्यवस्था का रोडमैप तैयार करने पर जोर रहेगा। green mobility, डिजिटल सेवाओं और निजी निवेश को इसमें अहम स्थान मिलेगा।
इंदौर में होने वाली यह समिट मध्यप्रदेश के transport business को तकनीक और निवेश से जोड़ने की दिशा में अहम मंच बनेगी।
FAQs
1. इंदौर में यात्री परिवहन विजन समिट-2026 कब शुरू होगी?
समिट 11 सितंबर 2026 से शुरू होगी और दो दिनों तक चलेगी।
2. समिट का मुख्य उद्देश्य क्या है?
समिट का उद्देश्य यात्री परिवहन में निवेश, तकनीक और निजी भागीदारी को बढ़ावा देना है।
3. समिट में किन तकनीकों पर चर्चा होगी?
डिजिटल टिकटिंग, AI आधारित फ्लीट मैनेजमेंट और आधुनिक मोबिलिटी तकनीकों पर चर्चा होगी।
4. PPP मॉडल से परिवहन क्षेत्र को क्या फायदा होगा?
PPP मॉडल से निजी कंपनियों की भागीदारी बढ़ सकती है। इससे परिवहन सेवाओं के विस्तार में मदद मिलेगी।
5. समिट का इंदौर और प्रदेश पर क्या असर हो सकता है?
समिट से निवेश, रोजगार और आधुनिक परिवहन सुविधाओं के नए अवसर बनने की उम्मीद है।