कांवड़ यात्रा को लेकर ट्रैफिक व्यवस्था में बदलाव
सावन में कांवड़ यात्रा को देखते हुए इंदौर-खंडवा रोड पर यातायात व्यवस्था में बदलाव किया गया है।
कांवड़ यात्रियों की सुरक्षित आवाजाही के लिए भारी वाहनों को वैकल्पिक मार्ग से भेजने की व्यवस्था की गई है।
इस दौरान इंदौर से ओंकारेश्वर और खंडवा की ओर जाने वाले मार्ग पर श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ने की संभावना है।
इसी वजह से प्रशासन ने यातायात दबाव कम करने के लिए डायवर्जन व्यवस्था की है।
भारी वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग
व्यवस्था के तहत भारी मालवाहक वाहनों को कांवड़ यात्रा के मुख्य मार्ग से हटाकर वैकल्पिक रास्तों से भेजा जाएगा।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इंदौर से खंडवा की ओर जाने वाले भारी वाहन खरगोन होकर आगे जा सकते हैं।
इस ट्रैफिक डायवर्जन का उद्देश्य कांवड़ यात्रियों और भारी वाहनों के बीच यातायात दबाव को कम करना है।
इंदौर-खंडवा रोड पर सावन के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु ओंकारेश्वर की ओर जाते हैं।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा पर फोकस
प्रशासन ने कांवड़ यात्रा के दौरान सड़क सुरक्षा और यातायात प्रबंधन को प्राथमिकता दी है।
भारी वाहनों की आवाजाही कम होने से कांवड़ यात्रियों को सड़क पर सुरक्षित जगह मिलने की उम्मीद है।
हल्के वाहनों की आवाजाही को लेकर अलग-अलग स्थानीय आदेश लागू हो सकते हैं।
यात्रियों को सफर से पहले स्थानीय ट्रैफिक पुलिस की ताजा जानकारी देखने की सलाह दी जाती है।
वाहन चालकों के लिए जरूरी जानकारी
इंदौर-खंडवा रोड से गुजरने वाले भारी वाहन चालक डायवर्ट किए गए मार्ग का इस्तेमाल करें।
इससे कांवड़ यात्रा मार्ग पर अनावश्यक जाम और यातायात दबाव से बचने में मदद मिलेगी।
सावन के दौरान ओंकारेश्वर जाने वाले श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ती है।
ऐसे में वाहन चालकों को ट्रैफिक निर्देशों का पालन करने और यात्रा में अतिरिक्त समय रखने की सलाह दी जाती है।